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मसाला सूचीपत्र

अंतिम अद्यतन 13-11-2015, 11:12
भारत कई प्रकार के मसालों का उत्पादन करता है। भिन्न-भिन्न प्रकार के इन मसालों का वर्तमान उत्पादन लगभग चार अरब यू एस डोलर मूल्य के करीबन 3.2 दशलक्ष टन है और विश्व मसाला उत्पादन में भारत का महत्वपूर्ण स्थान है। विभिन्न प्रकार की जलवायु के कारण - उष्णकटिबंध क्षेत्र से उपोष्ण कटिबंध तथा शीतोष्ण क्षेत्र तक - लगभग सभी तरह के मसालों का बढिया उत्पादन भारत में होता है । असल में भारत के लगभग सभी राज्यों व संघ शासित क्षेत्रों में कोई-न-कोई मसाला बढ़ता है। संसद द्वारा पारित अधिनियम के तहत, स्पाइसेस बोर्ड के अधिकार-क्षेत्र के अधीन कुल 52 मसाले लाए गए हैं। वैसे आई एस ओ की सूची में 109 मसालों के नाम शामिल हैं ।
मसाला उत्पाद

हल्दी उबाला, सूखा, साफ और पॉलिश किया गया कुरक्युमा लोंग राइज़ोम है । छोटा तना और गुच्छेदार पत्तोंवाला इसका पौधा शाकीय, चिरस्थाई, 60-70 से. मी. ऊँचा है।

इसके 7-12 पत्ते होते हैं। पर्णच्छद स्यूड...

जीरा एक छोटे-से पतले वार्षिक शाक का शुष्क, भूरे रंगवाला सफेद फल है। इस फल के ऊपरी भाग पर पाँच स्पष्ट रेखाएँ, एकान्तर रूप में चार अस्पष्ट मध्यम रेखाएँ और असंख्य छोटे रोयें होते है। इसका पौधा 15.5 से...

भारतीय मिर्च किस्में

मिर्च कैप्सिकम...

कालीमिर्च प्राय: दक्षिण भारत के गरम, नमीवाले इलाकों में पायी जानेवाली चढनेवाली चिरस्थाई झाडी पाईपर निग्रम की सूखी पक्व फलियाँ हैं। कालीमिर्च थामों पर चढाकर 5-6 मीटर ऊँचे, 1-2 मीटर व्यास के स्तंभों...

वाणिज्यिक इलायची, इलायची पौधे का पक्व, शुष्क फल (संपुट) है, जिसको अपने अनोखे सुगंध व स्वाद के कारण अक्सर 'मसालों की रानी' कहा जाता है। इलायची एक बारहमासी , शाकीय, प्रकन्दीय पौधा है। पुष्प-ग...

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